हेलो दोस्तों नमस्ते प्रणाम दोस्तों आज का गीत बहुत सुंदर है एक जो पारंपरिक दहेज गीत होता है जो हमारे देश में हमारे भारत में जो गरीब लोग हैं जिनके पास धन नही चलना होता घर चलाना बहुत मुश्किल होता है शादी करने के लिए अपने बहन बेटियों की दहेज की इतनी डिमांड है तो वह अपने हालात से मजबूरी होकर अपने घर की प्रॉपर्टी अपने घर के गहने अपने घर के जो जानवर होते हैं उन्हें बेच के अपने बहनों या बेटी की शादी करते हैं तो इसी आधार पर मैंने यह गीत बना के गाया है और इस गीत को आप ज्यादा से ज्यादा शेयर सपोर्ट प्यार दुलार दीजिए और मेरे चैनल को भी सपोर्ट कीजिए धन्यवाद
मत जाना किसी के द्वार.. मोर बिरना…..2
हमारे बियाहवा में खेतवा बीकहिह ….2
भाभी के गरवा के हरवा बीकहिह…2
बिक जहिह पगड़ि तोहार मोर बिरना….2
मत जाना किसी के द्वार मोर वीराना…..2
हमारे बियाहवा में घरवा बीकहिह….2
माई के हथवा के कंगना बिकाहिह…..2
बिक जहिह बाबूजी के धोतिया तोहार मोर वीराना…2
मत जाना किसी के द्वार.. मोर वीरना…2
बिक जहिह घरवा के खुशी मोर वीरना…2
ओड़ लेबा कर्जा के चादर मोर वीराना…2
मत जाना किसी के द्वार मोर वीराना….2